चंडीगढ़: पंजाब में एक विधायक एक पेंशन कानून लागू हो गया है। इसके साथ ही आम आदमी पार्टी ने एक और चुनावी वादे को पूरा कर दिया है। भगवंत मान सरकार के विधेयक को राज्यपाल ने मंजूरी दे दी है।

पंजाब के राज्यपाल बनवारीलाल पुरोहित ने एक विधायक एक पेंशन विधेयक को मंजूरी दे दी है। इसके बाद ही इसकी अधिसूचना भी जारी कर दी गई है। इस विधेयक के प्रावधानों के तहत अब कोई नेता चाहे कितनी बार भी विधायक बने लेकिन उसे पेंशन एक ही मिलेगी।

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने ट्वीट कर कहा कि "एक विधायक - एक पेंशन को मंजूरी। मुझे पंजाबियों को यह बताते हुए बहुत खुशी हो रही है कि माननीय राज्यपाल जी ने बिल को मंजूरी दे दी है। सरकार ने नोटिफिकेशन जारी कर दिया है। इससे जनता का बहुत टैक्स बचेगा।"



एक विधायक एक पेंशन क्या है?
नए नियम के तहत अब विधायक को हर माह 60 हजार रुपए की पेंशन और महंगाई भत्ता दिया जाएगा।

एक विधायक एक पेंशन कानून के तहत अब किसी विधायक को केवल एक कार्यकाल के आधार पर पेंशन दी जाएगी। विधायकों की पेंशन पर इससे कोई फर्क नहीं पड़ेगा चाहे वह कितनी बार भी विधायक क्यों न बना हो।

उदाहरण के लिए कोई नेता यदि तीन बार विधायक चुने गए हैं तो पहले उन्हें तीनों कार्यकाल का पेंशन जोड़ कर दिया जाता था। लेकिन नए नियमों के तहत उसे एक कार्यकाल का ही पेंशन दिया जाएगा। इससे सरकार पर खर्च का दवाब कम होगा और जनता के टैक्स का बहुत पैसा बचेगा।